Shayari

मज़बूरी में जब कोई जुदा होता है

मज़बूरी में जब कोई जुदा होता है
तो जरुरी नहीं कि वो बेवफा है
देकर के आपकी आँखों में आँसू
अकेले में आपसे ज्यादा वो रोता है