Sochta Hoon Kya Ho Ga Haal Uska

Sochta Hoon Kya Ho Ga Haal Uska

Sochta Hoon Kya Ho Ga Haal Uska, Bar-Bar Kyon Aata Hai Khyal Uska, Jis Se Mujhey Behad Pyar Mila, Main Bhool Nahi Sakta khayal Uska, Jis Ke intezar Mein Rote Ik Umar Guzri, Abhi Tak Hua Nahi Visaal Uska, Ab Ke Baras Wo Mujhe Bahut Yaad Aaya, Meri Nazar Mein Yeh Hai Saal Uska, Usski … Read more

जो सिर्फ मेरा हो

एक-दोस्त-ऐसा-भी-हो,-जो-सिर्फ-मेरा-हो

एक दोस्त ऐसा भी हो, जो सिर्फ मेरा हो…मैं रोऊ तो मुझे हँसाए,मैं रूठू तो मुझे मनाए, मेरे हर एक दुख में मेरे साथ हो,मेरी हर एक खुशी में मेरे साथ हो,मेरे बिन बोले मेरी बात समझे,मेरे बिन बोले मेरे दर्द को महसूस करें। हां एक दोस्त ऐसा भी हो,जो मेरी हंसी के पीछे छिपे … Read more

Galti meri he thi

Galti meri he thi,Tune to har pal mujhe pyar kiya,or meine har pal tujhe bekarar kiya… Galti meri thi,Tune mujse maanga bas saath mera,Par meine nahin thaama kabhi haath tera, Galti meri thi,Tu har waqt baat karne ko betaab rehti thi mujhse,Lakin mein kabhi bhi keh na paya Haal-E-Dil tujhse, Galti meri thi,Tune to itna … Read more

aah ko chahiye ik umr asar hote tak

aah ko chāhiye ik umr asar hote tak kaun jiitā hai tirī zulf ke sar hote tak dām-e-har-mauj meñ hai halqa-e-sad-kām-e-nahañg dekheñ kyā guzre hai qatre pe guhar hote tak āshiqī sabr-talab aur tamannā betāb dil kā kyā rañg karūñ ḳhūn-e-jigar hote tak tā-qayāmat shab-e-furqat meñ guzar jā.egī umr saat din ham pe bhī bhārī … Read more

अपनी मंज़िल का रास्ता भेजो

अपनी मंज़िल का रास्ता भेजो  जान हम को वहाँ बुला भेजो  क्या हमारा नहीं रहा सावन  ज़ुल्फ़ याँ भी कोई घटा भेजो  नई कलियाँ जो अब खिली हैं वहाँ  उन की ख़ुश्बू को इक ज़रा भेजो  हम न जीते हैं और न मरते हैं  दर्द भेजो न तुम दवा भेजो  धूल उड़ती है जो उस … Read more

हर एक बात पे कहते हो

हर एक बात पे कहते हो तुम कि तू क्या है तुम्हीं कहो कि ये अंदाज़-ए-गुफ़्तुगू क्या है न शो’ले में ये करिश्मा न बर्क़ में ये अदा कोई बताओ कि वो शोख़-ए-तुंद-ख़ू क्या है ये रश्क है कि वो होता है हम-सुख़न तुम से वगर्ना ख़ौफ़-ए-बद-आमोज़ी-ए-अदू क्या है चिपक रहा है बदन पर लहू … Read more

तेरा वहां है कि मैंने भुला दिया तुझे

तेरा वहां है कि मैंने भुला दिया तुझेपर मेरी एक सांस ऐसी नहींजो तेरा नाम ना ले |

रफ्तार जिंदगी की कुछ यू बनाए रखें

रफ्तार जिंदगी की कुछ यू बनाए रखेंके दुश्मन आगे निकल जाए पर दोस्त कोई पिछे ना छूटेछोड़ दो अब उससे वफा की उम्मीद गालिब जो रुला सकता है वह भुला भी सकता हैमोहब्बत में नहीं है फर्क जीने और मरने काउसी को देख कर जीते हैं जिस काफिर पे दम निकले