रफ्तार जिंदगी की कुछ यू बनाए रखें
रफ्तार जिंदगी की कुछ यू बनाए रखेंके दुश्मन आगे निकल जाए पर दोस्त कोई पिछे ना छूटेछोड़ दो अब उससे वफा की उम्मीद गालिब जो रुला सकता है वह भुला…
Asli Shayari | Sher | Shayar | Ghazal | Nazm
रफ्तार जिंदगी की कुछ यू बनाए रखेंके दुश्मन आगे निकल जाए पर दोस्त कोई पिछे ना छूटेछोड़ दो अब उससे वफा की उम्मीद गालिब जो रुला सकता है वह भुला…
https://www.youtube.com/embed/2ePpj6lHd4Q
आस होगी न आसरा होगाआने वाले दिनों में क्या होगा मैं तुझे भूल जाऊँगा इक दिनवक़्त सब कुछ बदल चुका होगा नाम हम ने लिखा था आँखों मेंआँसुओं ने मिटा…
तमन्ना छोड़ देते हैं… इरादा छोड़ देते हैं,चलो एक दूसरे को फिर से आधा छोड़ देते हैं। उधर आँखों में मंज़र आज भी वैसे का वैसा है,इधर हम भी निगाहों…
रूठे हुए अपनों को मना लूंगा एक दिनदिल का घर फिर से बसा लूंगा एक दिन लगने लगे जहाँ से हर मंज़र मेरा मुझेख़्वाबों का वो जहान बना लूंगा एक…
राहे रूकती हैं जब, ज़िन्दगी झुकती हैं तबसर झुकता है जब, वक़्त रुकता हैं तब जमाना हसंता हैं जब, सांसें रूकती हैं तबबाहे दुखती हैं जब, हिम्मत रूकती हैं तब…
यह तुफान भी थम जाएंगे और रास्ते की कांटे भी हट जाएंगेऐ मुसाफिर यूं ना थक कर बैठ तेरे हौसले सेयह कायनात के असूल भी बदल जाएंगे…….वह बैठा है ऊपर,…
जाने क्यूँ आजकल, तुम्हारी कमी अखरती है बहुतयादों के बन्द कमरे में, ज़िन्दगी सिसकती है बहुत पनपने नहीं देता कभी, बेदर्द सी उस ख़्वाहिश कोमहसूस तुम्हें जो करने की, कोशिश…
आखिर क्यों मुझे तुम इतना दर्द देते होजब भी मन में आये क्यों रुला देते होनिगाहें बेरुखी हैं और तीखे हैं लफ्ज़ये कैसी मोहब्बत हैं जो तुम मुझसे करते हो…
तेरी बातों का असरजो छाया है मेरे दिल परयक़ीनन मुझे तड़पाएगाअब ये रात भरसोचा भूल जाऊंगा तुझेअब करूँगा ना यादमगर दर्द ही मिला मुझे,तुझे भूल कर